मतगणना समाप्ति तक निषेधाज्ञा लागू, इन नियमों को करना होगा कड़ाई से पालन




मेदिनीनगर : लोकसभा चुनाव की घोषणा के साथ आदर्श आचार संहिता लागू है। इसी क्रम में जिले के उपायुक्त डॉ शांतनु कुमार अग्रहरि के निर्देश पर सदर अनुमंडल क्षेत्र में एसडीओ नंदकिशोर गुप्ता ने निषेधाज्ञा लागू कर दी है। निषेधाज्ञा को कड़ाई से लागू करवाने के लिए आज एसडीओ ने अपने अधीनस्थ कर्मियों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि मतगणना की समाप्ति तक निषेधाज्ञा लागू रहेगी। इस दौरान किसी प्रकार के घातक हथियार, आग्नेशास्त्र या विस्फोटक पदार्थ लाने एवं ले जाने पर प्रतिबंध रहेगा।

सरकारी एवं सार्वजनिक परिसर में आमसभा पर रोक
एसडीओ ने कहा कि सरकारी, अर्द्वसरकारी एवं स्थानीय संकायों (महाविद्यालय, उच्च विद्यालय, प्राथमिक, मध्य एवं बुनियादी विद्यालयों एवं किसी भी आम भूमि पर) किसी प्रकार की आमसभा का आयोजन या फिर जुलूस निकालने पर पूरी तरह रोक रहेगी। निषेधाज्ञा शवयात्रा, शादी-विवाह, मांगलिक कार्य पर लागू नहीं होगा, लेकिन इसके उपयोग के लिए अनुमति आवश्यक होगी।

इन शर्तों का करना होगा अनुपालन
एसडीओ ने कहा कि कोई भी दल, अभ्यर्थी या उनके सहयोगी द्वारा ध्वनि विस्तारक यंत्र का इस्तेमाल सुबह छह बजे से रात 10.00 बजे तक समय सीमा के अंदर ही करेंगे। इसके लिए अनुमंडल पदाधिकारी की पुर्वानुमति लेना होगा। यह शर्त मंदिर, मस्जिद, गुरूद्वारा य धार्मिक स्थलों पर लागू नहीं होगी। मंदिर, मस्जिद, गिरजाघर, गुरूद्वारा य अन्य पूजा स्थल पर से निर्वाचन प्रचार प्रतिबंधित किया गया है। किसी सार्वजनिक सरकारी सम्पति या किसी व्यक्तिगत सम्पति पर नारा लिखना, पोस्टर पम्पलेट साटना, झंडा टांगना, सार्वजनिक सड़कों पर बैनर लगाना, हॉडिंग लगाना, तोरण द्वार लगाने पर प्रतिबंध लगाया गया है। किसी भी उम्मीदवार को ऐसा कोई कार्य नहीं करना है, जिससे किसी धर्म सम्प्रदाय या जाति के लोगों की भावना को ठेस पहुंचे या उनमें विद्वेष या तनाव पैदा हो।

मत प्राप्त करने के लिए धार्मिक सहारे पर रोक
एसडीओ ने कहा कि मत प्राप्त करने के लिए धार्मिक साम्प्रदायिक य जातीय भावना का सहारा नहीं लिया जायेगा। मंदिर, मस्जिद, गिरजाघर, गुरूद्वारा आदि पूजा के किसी स्थानों का उपयोग निर्वाचन प्रचार के लिए नहीं किया जायेगा। किसी उम्मीदवार के व्यक्ति जीवन के ऐसे पहलुओं की आलोचना भी नहीं किया जाना है, जिनका संबंध उसके सार्वजनिक जीवन या क्रियाकलापों से हो और न ही ऐसे आरोप लगाया जाना है, जिसकी सत्यता स्थापित न हुई हो। उम्मीद्वार को ऐसे सभी कार्यो से परहेज करना है, जो चुनाव कानून के अंतर्गत अपराध हो। ऐसा कोई पोस्टर, इस्तेहार, पंपलेट या परिपत्र निकालना, जिसमें मुद्रक और प्रकाशक का नाम और पता न हो। ऐसा होने पर धारा 127ए लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम का उल्लंघन माना जाएगा।

मतदान समाप्ति के 48 घंटे पूर्व सार्वजनिक सभा करना वर्जित
एसडीओ ने यह भी कहा कि चुनाव सभा में गड़बड़ी करना या विघ्न डालना की आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा। मतदान के दिन तथा मतदान समाप्ति के 48 घंटे पूर्व सार्वजनिक सभा करना वर्जित किया जाता है। मतदाताओं को रिश्वत या किसी प्राकर का पारितोषिक देना, मतदान केंद्र के के 100 मीटर के अंदर किसी प्राकर का चुनाव प्रचार करना या मत संयाचना करना आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा।

कार्यकर्ताओं और समर्थकों को रखना होगा कंट्रोल में
प्रत्येक उम्मीदवार को किसी अन्य उम्मीदवार द्वारा आयोजित सभा या जुलूस में किसी प्रकार की गड़बड़ी करने या बाधा डालने से कार्यकर्ताओं तथा समर्थकों को रोकना होगा। यदि दो भिन्न दलों एवं उम्मीदवार द्वारा पास-पास स्थित स्थान पर सभाएं की जा रही है, तो ध्वनि विस्तारक का मुंह विपरीत दिशा में रखने होंगे।

 

(पलामू प्रमंडल की ख़बरों के लिए बंशीधर न्यूज़ मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

शेयर करें