स्वच्छता ही सेवा धर्म है :रमेन्द्र




हरिहरपुर : स्वच्छता ही सेवा धर्म है ।इस अभियान से प्ररित हो कर भवनाथपुर प्रखंड मुख्यालय से 30किमी दूर स्तरोन्नत उच्च विद्यालय डुमरसोता मे गांव के ही एक गरीब ब्यक्ति रमेन्द्र प्रसाद डोम ने इस विद्यालय मे करीब 10वर्षों से निःशुल्क सेवा विद्यालय के समयावधि मे देते हुए समय ब्यतीत करते रहते है । उन्होंने बंशीधर न्यूज से बातचीत के क्रम मे जानकारी दिया कि मै दस वर्ष पहले अपने इस गांव के विद्यालय मे घुमते हुए आया ।जहाँ पर विद्यालय मे गंदगी के अंबार देख कर मेरे जेहन मे एक कौतुहल सा हुआ कि जहाँ मेरे ही गांव -घर के शिक्षक व बच्चे इस विदयालय मे पठन-पाठन का कार्य करते है वहां इतना गंदगी आखिर क्यों रहता है ।साथ ही विद्यालय मे गंदगी तो तब ज्यादा देखने को मिलता था जब वारीश के दिनो मे विद्यालय परिसर मे जहाँ तहाँ इकट्ठा कूड़ा कचरा बारीश के पानी से सड़कर दुर्गन्ध आना जब शुरू होता तो यहां रहना क्या इससे बच्चों सहित पास पड़ोस मे बहुत ही एक से बढकर एक बीमारी होता था। जिससे ऐसा देख मै विद्यालय समुदाय से उचित मार्गदर्शन हेतु पूछा। तब प्रधानाध्यापक ने बताया कि शिक्षा विभाग से इस कार्य को करने हेतु विद्यालय के पास अलग से कोइ राशी उपलब्ध नही होता है ।तब मैंने विद्यालय मे निःशुल्क सेवा देने का मन बना लिया ।प्रधानाध्यापक सरदार राम ने कहा कि रमेन्द्र प्रसाद की भावना का कद्र करते हुए व इनका सफाई ही सेवा धर्म का समर्थन किया। मेरे विद्यालय की साफ सफाई होता देख मै भी अपनी तरफ से प्रोत्साहन राशी के रूप मे हर माह 1500रुपये दे दिया करता हुँ।पर इस मँहगाई के दौर मे इतनी कम राशी मे जीवन यापन करना इनके लिए कठिन है।फिर भी मेरे विद्यालय की सफाई मे बहुत ही तत्पर रहते है ।विद्यालय के शिक्षक ,शिक्षिका भी सफाई से संतुष्ट रहते है ।

 

(पलामू प्रमंडल की ख़बरों के लिए बंशीधर न्यूज़ मोबाइल ऐप डाउनलोड करें. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

शेयर करें